यूकेडी ने विधायकों का भत्ता बढ़ाने का किया विरोध

कोटद्वार । यूकेडी ने गुरुवार को शिब्बूनगर स्थित कार्यालय में एक बैठक का आयोजन किया जिसमें उन्होंने गैरसैंण में जारी विधानसभा सत्र में पहले दिन ही विधायकों का भत्ता बढ़ाने का विरोध किया है। पार्टी नेता डॉ शक्ति शैल कपरवाण ने कहा कि उत्तराखंड राज्य के ऊपर 70 हजार करोड़ से अधिक का कर्जा हो गया है, बेरोजगारों को रोजगार देने के लिए बजट नहीं हैं, संविदा पर कार्य कर रहे कर्मचारियों का वेतन नहीं बढ़ाया जा रहा है। आपदा प्रबंधन के लिए बजट का अभाव है और दूसरी ओर विधायकों का भत्ता बढ़ाने में भाजपा और कांग्रेस के विधायक गहरे दोस्तों की तरह व्यवहार कर रहे हैं।

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कहा कि एक ओर पहाड़ी क्षेत्रों व गांवों में लोग चिकित्सा सुविधाओं के अभाव में मौत के शिकार हो रहे हैं, वहीं दूसरी ओर विधायकों के भत्ते बढ़ाने की तैयारी चल रही है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने सत्ता व विपक्षी विधायकों पर आरोप लगाया कि वे स्वयं अपने व ब्यूरोक्रेट्स के हित के लिए तत्काल कानून बनाते हैं, परन्तु भू कानून, मूल निवास 1950, आम जनता के मौलिक अधिकार, रोजगार, जंगली जानवरों से जनता की रक्षा रक्षा, वन कानून व वन्यजीव कानूनों के कारण रूके विकास कार्यों की स्वीकृति के लिए कानून नहीं बना पा रहे हैं। बैठक में पुष्कर सिंह रावत, जगदीपक सिंह रावत, महेंद्र सिंह रावत, प्रवेश चन्द्र नवानी, सत्य प्रकाश भारद्वाज, हरीश द्विवेदी, सत्यपाल सिंह नेगी, भारत मोहन काला, सतपाल नेगी, रामचंद्र सिंह नेगी और ओम प्रकाश घनसेला आदि मौजूद रहे।

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